मस्त दीदी की चौड़ी गाँड का दीवाना (Mast Didi Ki Chaudi Gaand Ka Deewana)

मस्त दीदी की चौड़ी गाँड का दीवाना (Mast Didi Ki Chaudi Gaand Ka Deewana)


नमस्ते दोस्तो, यह हॉट सेक्स स्टोरी मेरी बहन की 2 लड़कों के साथ सेक्स की सच्ची कहानी है। हम लोग किराये के एक फ्लैट में रहते थे। मेरी बहन का नाम नाम आयशा है। उसका रंग गोरा है। उसकी उम्र 27 साल थी. उसका एम. बी. ए. जल्दी ही खत्म हुआ था।

आयशा दीदी की बॉडी बहुत आकर्षित करने वाली है। गाँड बड़ी और बूब्स चलते समय छलछलाते हैं जिससे सभी लड़के उसको देखते रहते हैं।

मेरी उम्र 23 साल थी जब मैंने काफी दिनों तक उन लड़कों से दीदी की चुदाई देखी थी। मुझे कभी भी आयशा दीदी के बॉयफ्रेंड से कोई प्रॉब्लम नहीं थी। लेकिन मैं हमेशा चाहता था कि उनका किसी एक लड़के से ईमानदारी से रिश्ता निभे। लेकिन आयशा दीदी को ब्रांडेड कपड़े और घूमने का बहुत शौक होने के कारण 2 या 3 बॉयफ्रेंड के साथ अलग अलग डेट करती थी।

मेरी भी एक गर्लफ्रेंड थी। मैं अपनी गर्लफ्रेंड के साथ बहुत खुश था और आयशा को भी एक बॉयफ्रेंड के साथ रिलेशन में कहता था. लेकिन वो मेरी कभी नहीं सुनती थी।

दीदी की एम. बी. ए. करने के दौरान उनकी मुलाकात राकेश भैया से हुई जो एक बार दीदी के कॉलेज में गेस्ट के रूप में किसी फंक्शन के दौरान आये थे। राकेश भैया का अपना व्यवसाय था। उनको दीदी के कॉलेज में स्पीच देने के लिए आमंत्रित किया गया था।

राकेश भैया लगभग 36 साल के आस पास थे। दीदी से लगभग 8-9 साल बड़े थे। राकेश भैया से दीदी की काफी अच्छी दोस्ती हो गयी। राकेश भैया ने दीदी को अपना ऑफिस दिखाने के लिए आमंत्रित किया। इस तरह कुछ ही महीनों में राकेश भैया ने दीदी को प्रोपोज़ किया। वो दोनों एक दूसरे से प्यार भी करने लगे।

आयशा दीदी ने राकेश भैया के बारे में मुझे बताया और मुझसे मिलवाया। राकेश भैया और मैं भी अच्छे दोस्त बन गए। राकेश भैया और दीदी कभी रात को पार्टी में जाने के कारण दीदी को काफी लेट छोड़ने आते थे।

एक गर्लफ्रेंड और बॉयफ्रेंड में शारीरिक सम्बन्ध बनना आम बात होती है इसलिए मुझे इससे कोई प्रॉब्लम नहीं थी। दीदी कभी कभी राकेश भैया के साथ फ्लैट में मेरे बगल वाले कमरे में रहते थे।

दीदी को जबरदस्त तरीके से चुदते देखा

एक दिन मेरे कमरे का बाथरूम काम नहीं कर रहा था तो मैं आयशा दीदी का बाथरूम इस्तेमाल करने के लिए गया। उस समय रात के लगभग 1 बज रहा होगा। मैं अभी बाथरूम में ही था कि आयशा दीदी ने अपनी वाली चाभी से गेट खोला और राकेश भैया के साथ कमरे में आई. आते ही भैया ने दीदी को किस करते हुए बेड पर गिरा दिया और अपनी पैंट खोलकर अपना लन्ड बाहर निकाल दिया।

मुझे कुछ समझ नहीं आ रहा था कि अगर मैं बाहर आया तो दोनों लोगो को शर्मिंदगी होगी। मैंने सोचा कि कुछ ही घण्टों में सुबह हो जायेगी और राकेश भैया जब जाएंगे तो दीदी भी उनको नीचे तक छोड़ने जाएगी तो चुपके से बाहर निकल जाऊंगा। तब तक यही छुपा रहता हूं।

राकेश भैया ने अपना लन्ड दीदी के मुँह में डाल दिया था। दीदी धीरे धीरे लन्ड चूस रही थी और राकेश भैया से बात भी कर रही थी। राकेश भैया का लन्ड थोड़ा काला और मोटा था। मेरी दीदी लम्बी और चौड़ी थी, वो पूरा लन्ड अंदर तक चूस रही थी।

दीदी ने अपने सारे कपड़े निकाल कर सोफे पर रख दिए। राकेश भैया ने दीदी की ब्रा खोल दी। वे उनके दोनों दूधों को अपने हाथों से कसकर दबा रहे रहे थे लेकिन उनके दूध राकेश भैया के हाथों में नहीं आ रहे थे। राकेश दूधों को कभी हाथों से दबाता तो कभी अपने मुँह से दूधों को दबाता।

दीदी के दोनों उरोज राकेश भैया की मुँह की लार से गीले हो चुके थे। दीदी बस हल्की हल्की सिसकारियाँ ले रही थी ‘अअअ … उम … उम्म’

राकेश भैया दीदी चूत को बहुत देर तक चाटते रहे। फिर कुछ तेल सा दीदी की चूत पर रगड़ दिया राकेश ने और उल्टा लिटा दिया. फिर दीदी के पेट के नीचे तकिया रख कर की टांगों को पूरा खोल दिया। राकेश भैया पीछे से दीदी के ऊपर चढ़ने लगे और पीछे से अपना लन्ड चूत में फंसाने लगे।
मस्त दीदी की चौड़ी गाँड का दीवाना (Mast Didi Ki Chaudi Gaand Ka Deewana)
मस्त दीदी की चौड़ी गाँड का दीवाना (Mast Didi Ki Chaudi Gaand Ka Deewana)
दीदी ने उनकी मदद की और चूत में लन्ड जाते ही दीदी की हल्की सी चीख निकल गई। राकेश भैया बहुत धीरे धीरे लन्ड डाल रहे थे। राकेश भैया दीदी के ऊपर पूरा ऊपर से लेटे चोद रहे थे।
राकेश भैया दीदी को दस मिनट तक चोद पाए होंगे कि उनका सारा माल बाहर आ गया, उन्होंने दीदी के ऊपर सब गिरा दिया.

लेकिन दीदी का अभी पूरा नहीं हुआ था। राकेश भैया यह बात जानते थे, वे अपनी उंगलियों को दीदी की चूत में डाल कर जोर जोर से हिलाने लगे जिससे दीदी का माल भी बेड पर गिर गया।
दीदी राकेश से बोली- अब तुम में वो पहली जैसी बात नहीं है, बहुत जल्दी थक जाते हो।
राकेश भैया बोले- रोज़ वियाग्रा नहीं खा सकता; नुकसान कर सकती है।

मुझे यकीन नहीं हो रहा था कि राकेश भैया को वियाग्रा इस्तेमाल करनी पड़ती है।

दीदी उसके बाद राकेश भैया का लन्ड चूसने लगी। फिर दोनों नंगे ही सो गए। दीदी राकेश भैया की बांहों में थी।
अगले दिन राकेश भैया अपने घर चले गए।

एक दिन मैंने राकेश भैया का मोबाइल देखा जिसमें दीदी की चुदाई की बहुत से मस्त मस्त वीडियो पड़ी थी। राकेश भैया दीदी की चुदाई वीडियो को भी बनाते थे। कुछ वीडियो में दीदी ने अपना मुँह दुपट्टे से ढका था जिसमें दीदी की शक्ल नहीं दिख रही थी।

मैंने दीदी की चुदाई के कुछ वीडियो और फोटो (जिसमे मुंह कपड़े से ढका था) । अपने मोबाइल में सेव करके राकेश भैया का मोबाइल रख दिया।

मुँह ढका होने के कारण चुदाई के वीडियो और फोटो में आयशा दीदी पहचान में नहीं आ रही थी। मैंने सारे वीडियो और फोटो अपने एक दोस्त को भेजे जिसका नाम सुमित है।

वो वीडियो देख कर बोला- कहाँ से डाउनलोड किया है, मुझे साइट का नाम बता?
मुझे हँसी आ रही थी; मैंने कहा- मुझे किसी ने भेजी है।
सुमित बोला- यार क्या चौड़ी गांड है इस लड़की की … और दूध कितने मस्त है। मैं 2 बार मूठ मार चुका हूँ।

कुछ दिनों बाद सुमित मेरे घर आया। दीदी ने दरवाज़ा खोला; सुमित ने आयशा दीदी को हाय बोला और सीधा मेरे कमरे में आ गया।
दीदी मेरे कमरे में आयी और बोली कि वो कहीं बाहर जा रही है।

अब घर में केवल मैं और मेरा दोस्त था। मेरे दोस्त ने दीदी की चुदाई की वीडियो टीवी पर लगा दी और देखने लगा। मैंने अपने दोस्त को आज तक नहीं बताया वो वीडियो आयशा दीदी का था। मुझे उस दिन बहुत अजीब लग रहा था क्योंकि सुमित वीडियो देखकर उल्टी सीधी बातें बोल रहा था और मैं मजबूरी में कुछ नहीं बोल पा रहा था।

सुमित चिल्लाकर बोल रहा था- क्या गाँड है … यार मिल जाये तो इसकी जबरदस्त ठुकाई करूँ।
राकेश भैया को देखकर सुमित बोलता- इस लौंडे में बिलकुल दम नहीं है। साला चोद ही नहीं पा रहा है। बार बार अपना लन्ड लौंडिया के मुँह में डालकर खड़ा कर रहा है।
सुमित मुठ मारता रहा।

शाम के 6 बज चुके थे और आयशा दीदी घर आ गयी थी।
सुमित बोला- भाई अब मैं चलता हूँ। आज का वीडियो देख मज़ा आ गया। अगर इस माल के और वीडियो हो तो भेज देना।
मैंने बोला- और वीडियो अभी तो नहीं है। अगर मुझे मिलेगी तो भेज दूंगा।

सुमित आयशा दीदी को बाय बोल कर जाने लगा। मैं मन में सोच रहा था कि सुमित ने आयशा दीदी को चुदवाते देखा लेकिन कभी पहचान ना सका।

दीदी राकेश भैया से एक साल तक सेक्स करती रही। इसी बीच राकेश भैया के घर वालों ने राकेश भैया की शादी फिक्स करा दी। दीदी और राकेश भैया में कभी कभी इस बात को लेकर लड़ाई भी होती। राकेश भैया ने अब आना कम कर दिया लेकिन गिफ्ट और कपड़े दीदी को भेजते रहते।

राकेश भैया की शादी के बाद महीने दो महीने में एक दो बार फ्लैट पर आते और दीदी के साथ चुदाई जरूर करते थे।

अब मुझे उनका घर आना अच्छा नहीं लगता था क्योंकि वो शादी कर चुके थे। लेकिन दीदी की बहुत हेल्प करते थे। राकेश भैया ने एक कार भी दीदी को दे रखी थी। मुझे भी पैसे दिया करते थे इसलिए उनके व्यवहार की वजह से दीदी राकेश भैया को अभी भी पसंद करती थी।

दीदी अब नौकरी भी करती थी। वो चाहती थी कि जॉब के बाद एक दो ट्यूशन घर पर पढ़ा दें।

एक दिन पड़ोस में रहने वाले अंकल ने मुझे अपने बेटे से मिलाया और बोले- ये सतीश है, इसका इंटर है.
तभी सतीश बोला- भैया कोई मैथ्स की ट्यूशन ढूंढ रहा हूँ अगर आप किसी को जानते हो?
मैंने बोला- ठीक है कोई मिलेगा तो बताऊंगा।

मैंने आयशा को ट्यूशन के बारे में बताया तो वो मान गयी।

सतीश पतला सा लड़का था। उसकी उम्र लगभग 18 साल के आस पास होगी। उसकी शक्ल देखकर लग रहा था कि उसने अभी अभी मुठ मारना शुरू किया होगा।

अगले दिन वो पढ़ने आया; मैंने गेट खोला। वो सोफे पर बैठ गया।

आयशा दीदी नार्मल घर वाले कपड़े पहने हुए थी। शायद कुछ लड़कों से इतने साल चुदाई के बाद उनके अंदर के शर्म थोड़ी कम हो गयी थी। आयशा दीदी ने एक खुले सीने वाला टॉप पहना था।

आयशा दीदी के हल्का सा झुकते उनके दोनों दूध दिखाई देने लगते थे। पढ़ाते समय जैसे दीदी झुकती, सतीश की नज़र सीने पर चली जाती और वो मेरी दीदी की चूचियों को देखता रहता।

6 महीनों तक यही चलता रहा। दिवाली आने वाली थी। सतीश सोफे पर बैठा था। मैं और आयशा दीदी घर की सफाई कर रहे थे। तभी आयशा दीदी सीढ़ी पर चढ़ कर पंखों की सफाई करने लगी। उसने सीढ़ी पकड़ने के लिये मुझे आवाज़ दी।

मैंने सतीश से सीढ़ी पकड़ने को कह दिया। मैंने नहीं देखा के दीदी ने स्कर्ट पहनी थी।

सतीश जैसे सीढ़ी पकड़ने आया वैसे ऊपर देखते ही उसने एकदम से नीचे पलकें कर ली। लेकिन थोड़ी देर बाद उसने देखा कि कोई नहीं देख रहा है तो वो फिर से फटी आँखों से स्कर्ट के अंदर देख रहा था।
मैं उसको देख रहा था।

एक दिन राकेश भैया दोपहर में आये और दीदी को कमरे में ले जाकर चोदने लगे।

राकेश भैया को आये 15 मिनट ही हुए होंगें कि सतीश ट्यूशन पढ़ने आ गया। मैंने गेट खोला और उसे गेस्टरूम में बैठा दिया जो दीदी के कमरे के बगल वाला कमरा था।

तभी दीदी की चीख सतीश ने सुनी। मैं दूसरे कमरे से सतीश को देख रहा था। सतीश समझ गया था कि आयशा दीदी की ठुकाई चल रही है।

कुछ देर बाद राकेश भैया चले गए और आयशा दीदी कपड़ों को ठीक करते हुए बाहर निकली।

उसने सतीश को देखा तो थोड़ा शॉक हो गयी, उसने पूछा- तुम कब आये?
सतीश दीदी को बहुत गौर से देख रहा था और बोला- 1 घण्टा हो गया है।
दीदी समझ गयी कि सतीश ने हॉट चुदाई के समय चीखों को भी सुना होगा।

सतीश के प्री टेस्ट स्कूल में होने थे तो वो कभी कभी देर तक पढ़ता था।

एक दिन वो सवाल लगा रहा था।
दीदी- आज यहीं पढ़ते रहो और अपने घर पर बता देना कि आज यहीं रूकोगे।

सतीश दीदी के कमरे में चला गया और दीदी के बेड पर पढ़ने लगा। मैंने दो कैमरे कमरे में लगाये थे कि वीडियो में शक्ल धुन्धली कर अपने दोस्त को भेजूंगा।

कुछ देर बाद दीदी सो गई। दीदी ने स्कर्ट पहनी थी जो करवट बदलने पर ऊपर उठ जाती। सतीश बहुत गौर से आयशा दीदी की जांघों को घूरने लगा। उसको देख ऐसा लग रहा था जैसे आयशा दीदी थोड़ा सा इशारा करे तो सतीश दीदी को चोद दे।

अगले दिन वो एग्जाम तैयारी के लिए कुछ दिन हमारे घर रुकने की इज़ाज़त लेकर आया। सतीश दिन भर अब घर पर रुकता।

एक दिन दीदी कपड़े बदलने कमरे में गयी। वो अपनी ब्रा से अपने स्तन बंद कर रही थी तभी सतीश आ गया। उसने दीदी के एक स्तन को देख लिया और बिना कुछ बोले बाहर आया।
दीदी समझ गयी थी कि सतीश उसको बहुत पसंद करता है।

रात को पढ़ते समय दीदी ने सतीश से कहा- सर्दी बहुत है, कमरे में हीटर चला दो।
आयशा दीदी ने थोड़ा गर्म तेल सर पर लगाने के लिए निकाला और अपने कुछ पुराने कपड़े देखने लगी।

सतीश बोला- दीदी ये कपड़े बहुत अच्छे हैं लेकिन आपको कभी इन कपड़ों में देखा नहीं।
दीदी बोली- बहुत पुराने हैं, चलो आज पहनकर देखती हूँ कि अभी भी फिट हो रहे है या नहीं।
उनमें से ज्यादतर कपड़े राकेश भैया ने दिये थे।

एक ड्रेस दीदी ने सबसे लास्ट में ट्राई की। वो ड्रेस स्विमिंग कॉस्ट्यूम थी। उस ड्रेस में उसकी गाँड साफ़ दिख रही थी। दीदी को देख कर लग रहा था कि वो सतीश से चुदना चाहती हो।

मेरी दीदी उसी ड्रेस को पहनकर बेड पर बैठ गयी। उसकी दूध थोड़े थोड़े बाहर थे। उसने थोड़ा तेल अपने सर पर लगाया और सतीश से थोड़ा तेल पीठ पर रगड़ने को कहा।
शुरू में सतीश के हाथ काँपने लगे।

दीदी उल्टा लेटी थी। दीदी के बॉयफ्रेंड थे तो उसे पता था क्या करना है। दीदी ने पैंटी की डोरी खींच दी। सतीश ने हाथ से पैंटी को हटा दिया। सतीश शायद पहली बार किसी लड़की को नंगी देख रहा था।
वो दीदी को पागलों की तरह चूमने लगा, दीदी की गाँड को कसके दबाने लगा।

दीदी के दूध उस 18 साल के लड़के के लिए काफी बड़े थे। सतीश अपने मुंह को दीदी के दूधों पर रख चाटने लगा। दीदी ने जैसे उसका लन्ड मुँह में लिया उसने अपना सारा माल दीदी के मुँह छोड़ दिया।
सतीश से दीदी ने कहा- कोई बात नहीं, पहली बार ऐसा ही होता है।

दीदी उसका लन्ड साफ़ करके फिर से चूसने लगी। सतीश का लन्ड फिर से खड़ा हो गया। दीदी ने उसे कंडोम पहनाया। सतीश दीदी के दूध चूसने लगा और अपना लन्ड दीदी की चूत में डाल दिया और दीदी को चोदने लगा।
मस्त दीदी की चौड़ी गाँड का दीवाना (Mast Didi Ki Chaudi Gaand Ka Deewana)-1
मस्त दीदी की चौड़ी गाँड का दीवाना (Mast Didi Ki Chaudi Gaand Ka Deewana)-1
राकेश भैया दीदी को धीरे धीरे चोद पाते थे लेकिन सतीश सिर्फ 18 साल का लड़का था उसका लन्ड बिल्कुल मशीन की तरह चल रहा था। सतीश ने दीदी की टाँगों को अपने हाथों से पकड़ रखा था और दीदी की चूत पर कूद रहा था।
दीदी की चूत से खच खच खच खच… की आवाज़ साफ़ सुनाई दे रही थी।

दीदी को थोड़ी देर में दर्द होने लगा; वो दर्द भरी सिसकारियाँ लेने लगी ‘उम्म्ह… अहह… हय… याह…’
उसने दो बार बोला- सतीश बस करो!
लेकिन वो अपने मुँह से दीदी के दूधों को चूस रहा था। वो केवल चोदने में मस्त था।

कुछ देर में सतीश झड़ गया।

दीदी भी सतीश के साथ नंगी सो गयी। सतीश की यह पहली चुदाई थी। रात को दीदी को सतीश ने 4 बार चोदा। दीदी सतीश से मना करती लेकिन सतीश सोते में ही लन्ड डालने लगता।

सतीश पूरे साल दीदी को चोदता रहा। मैंने सतीश और दीदी की चुदाई के वीडियो को शक्लों को धुन्धला कर अपने दोस्त को भेजे थे।
मैं जानता था कि इंटरनेट पर बहुत से लोग अपनी चुदाई के वीडियो शक्ल छुपा कर डालते हैं और उनको कोई नहीं पहचान पाता।

राकेश भैया कभी कभी दीदी को चोदने आते हैं। राकेश भैया ने एक बार दीदी को सीधे खड़े होकर अपनी गोद में उठा कर चोदा था। उस सीन को मेरा दोस्त बहुत पसंद करता है। आयशा दीदी की चुदाई के वीडियो कई लड़कों के पास आ गए थे।

सतीश के बहुत कहने पर दीदी ने अपनी शक्ल छुपा कर नंगे फोटो लेने दिए। सतीश दीदी के गाँड में अपना लन्ड डालते और दीदी के दूधों को अपने मुँह से दबाते उसने कुछ पिक्चर लिए।
शायद सतीश अपने दोस्तों को अपनी चुदाई के पिक्चर दिखाना चाहता होगा।

एक दिन मैं अपने दोस्त के साथ क्रिकेट खेल रहा था। केवल दो लोग दोपहर में मैदान में थे। मेरा दोस्त बॉलिंग कर रहा था और मैं बैटिंग कर रहा था।

तभी एक लड़का वहाँ आया, मेरा दोस्त उसको जनता था।
मेरे दोस्त ने कहा- अहमद क्रिकेट खेलेगा?
उसने बोला- खेलूंगा।

अहमद विकेट कीपर की जगह खड़ा था। मैंने सोचा मोबाइल ना टूट जाये तो अहमद को मोबाइल दे दिया। अहमद के पास कीपैड वाला फोन था।
अहमद मुझे और आयशा दीदी को नहीं जानता था।

मैं मोबाइल लॉक लगाना भूल गया था। अहमद वीडियो फोल्डर को खोलने लगा और आयशा दीदी की उन वीडियो को देखने लगा जिनमें उनकी शक्ल साफ़ साफ़ दिख रही थी। वो आयशा दीदी को पहचानता नहीं था तो उसने सोचा होगा मैंने वीडियो कहीं से डाउनलोड किये है।

जैसे मुझे लगा कि वो वीडियो देख रहा है, मैं बन्द कराने के लिए दौड़ा।
मेरा दोस्त चिल्लाकर बोला- यार, अहमद के पास स्मार्टफोन नहीं है। देखने दे उसको, तू बैटिंग कर ले।

मैंने देखा कि अहमद जिस वीडियो को देख रहा है उसमें राकेश भैया का लन्ड दीदी चूस रही है।
अहमद बोला- यार मेरा लन्ड खड़ा कर दिया इस माल ने। ऐसा माल मिल जाये तो मज़ा आ जाये।

अहमद दीदी की सारी शक्ल वाले वीडियो देखता रहा लेकिन वो यही सोचता रहा कि ये वीडियो मैंने डाउनलोड किये हैं।

मैंने सोचा ‘कोई और ना देख ले’ इसलिये सारे वीडियो हर जगह से डिलीट करने से पहले आखरी बार किसी को सारे शक्ल वाले वीडियो दिखा कर उस आदमी का रिएक्शन देखता हूँ।

मैंने हाई वे के पास खड़े ट्रक वाले के पास गया और बोला- कड़क माल देखना है?
उनको मोबाइल पर आयशा दीदी के हॉट सेक्स वीडियो दिखाये।

ट्रक वाला- इसके दूधों को तो मैं रगड़ रगड़ कर रबड़ बना दूँ। गाँड कितनी चौड़ी है। रोज़ ठुकवाती है।
मेरा लन्ड तुरंत खड़ा हो गया।

ट्रक वाले ने सोचा कि मैं दलाल हूँ, बोला – इस लौंडिया का 2 घण्टे के लिए जुगाड़ करो।
उसका रिएक्शन देख कर मुझे बहुत हँसी आ रही थी। ये तो आयशा दीदी को चोदने के लिए तैयार हो गया।

उसके बाद मैंने सारे वीडियो डिलीट कर दिए।

मैं कई बार अपनी गर्लफ्रेंड की हॉट चुदाई की वीडियो भी कभी कभी अजनबियों को दिखा कर उनके कमेंट सुनकर मज़े लेता हूँ।
मस्त दीदी की चौड़ी गाँड का दीवाना (Mast Didi Ki Chaudi Gaand Ka Deewana) मस्त दीदी की चौड़ी गाँड का दीवाना (Mast Didi Ki Chaudi Gaand Ka Deewana) Reviewed by Priyanka Sharma on 3:30 PM Rating: 5

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